सेंटर न्यूज एक्सप्रेस। देसराज भुट्टा
चंडीगढ़। पंजाब में किसान संगठनों ने अपनी मांगों को लेकर आंदोलन का अगला चरण शुरू करने की तैयारी कर ली है। सरकार को दी गई समय सीमा गुरुवार दोपहर 12 बजे पूरी होने के बाद किसान विभिन्न स्थानों पर रेलवे ट्रैक पर धरना देने का ऐलान कर चुके हैं। इससे प्रदेश में रेल यातायात प्रभावित होने की संभावना है।
सरकार को पहले ही दिया था मांगों का ज्ञापन
किसान-मजदूर मोर्चे की ओर से बताया गया है कि अपनी मांगों को लेकर मुख्यमंत्री को करीब एक महीने पहले ज्ञापन भेजा गया था। इसके बाद भी जब मांगों पर अपेक्षित स्तर पर कार्रवाई नहीं हुई तो संगठनों ने आंदोलन को आगे बढ़ाने का फैसला लिया।
31 अगस्त को डीसी कार्यालयों के बाहर प्रदर्शन
किसानों ने 31 अगस्त को प्रदेश के विभिन्न जिलों में डिप्टी कमिश्नरों के कार्यालयों के बाहर प्रदर्शन भी किया था। संगठनों का कहना है कि इन प्रदर्शनों के बावजूद सरकार की ओर से उनकी मांगों के समाधान के लिए ठोस पहल नहीं की गई।
कई जिलों में ट्रैक पर जुटने की तैयारी
किसान संगठनों के अनुसार अमृतसर, गुरदासपुर, फिरोजपुर, मोगा, संगरूर और सुनाम समेत कई स्थानों पर रेल रोको आंदोलन को लेकर तैयारी की गई है। संगठन से जुड़े कार्यकर्ता निर्धारित समय के बाद रेलवे ट्रैक पर पहुंचकर विरोध दर्ज कराएंगे।
मंत्री के आवास के बाहर भी जारी है धरना
पटियाला में एक मंत्री के आवास के बाहर किसानों का विरोध प्रदर्शन भी जारी बताया गया है। संगठनों ने स्पष्ट किया है कि मांगों पर सरकार की ओर से सकारात्मक कदम नहीं उठाया गया तो आंदोलन को और व्यापक किया जा सकता है।
सरकार के फैसले पर टिकी नजर
गुरुवार को दोपहर 12 बजे की समय सीमा पूरी होने के बाद सरकार और किसान संगठनों के बीच क्या स्थिति बनती है, इस पर सभी की नजर है। किसान संगठनों का कहना है कि मांगों पर समाधान नहीं होने की स्थिति में घोषित कार्यक्रम के अनुसार रेल रोको आंदोलन किया जाएगा।



