सेंटर न्यूज़ एक्सप्रेस। देसराज भुट्टा
पंजाब में धार्मिक ग्रंथों के अपमान को लेकर सरकार ने सख्त रुख अपनाते हुए नया संशोधित कानून लागू कर दिया है। इस कानून के तहत अब श्री गुरु ग्रंथ साहिब जी से जुड़े बेअदबी के मामलों में दोषी पाए जाने पर उम्रकैद तक की सजा का प्रावधान किया गया है।
सरकार का सख्त संदेश
सरकार का मानना है कि यह कदम धार्मिक भावनाओं की रक्षा और सामाजिक सौहार्द बनाए रखने के लिए जरूरी है। चंडीगढ़ में प्रेस बैठक के दौरान वित्त मंत्री हरपाल सिंह चीमा ने स्पष्ट किया कि ऐसे मामलों में अब किसी भी प्रकार की नरमी नहीं बरती जाएगी।
जांच प्रक्रिया में तेजी
मंत्री ने बताया कि पहले कई मामलों में जांच लंबित रही, जिससे लोगों में असंतोष पैदा हुआ। अब प्रशासन को निर्देश दिए गए हैं कि हर मामले की गहन जांच कर समयबद्ध तरीके से कार्रवाई सुनिश्चित की जाए।
कानून को बनाया गया मजबूत
नए प्रावधानों के तहत कानून को इस तरह तैयार किया गया है कि कोई भी आरोपी तकनीकी खामियों का फायदा न उठा सके। इससे दोषियों के बच निकलने की संभावनाएं काफी कम हो जाएंगी।
पुराने मामलों पर भी फोकस
सरकार ने संकेत दिया है कि पुराने लंबित मामलों की भी समीक्षा की जा रही है। इन मामलों को तेजी से निपटाने के लिए विशेष प्रयास किए जा रहे हैं ताकि पीड़ितों को न्याय मिल सके।
लोगों में बढ़ेगा भरोसा
सरकार का कहना है कि इस सख्त कानून से जहां अपराधियों में डर पैदा होगा, वहीं आम जनता का कानून व्यवस्था पर भरोसा भी मजबूत होगा और भविष्य में ऐसी घटनाओं पर रोक लगेगी।



