सेंटर न्यूज एक्सप्रेस। देसराज भुट्टा
पंजाब की राजनीति में जारी उठापटक के बीच राज्यसभा सांसद राघव चड्ढा और मुख्यमंत्री भगवंत मान ने आज राष्ट्रपति द्रौपदी मुर्मु से मुलाकात कर मौजूदा राजनीतिक घटनाक्रम पर अपनी बात रखी। इस मुलाकात को राज्य की बदलती राजनीतिक परिस्थितियों के लिहाज से बेहद अहम माना जा रहा है।
जानकारी के मुताबिक, राघव चड्ढा अपने कुछ अन्य सांसदों के साथ राष्ट्रपति भवन पहुंचे, जहां उन्होंने हाल ही में हुए राजनीतिक घटनाक्रम और उससे जुड़े विवादों को लेकर विस्तृत चर्चा की। मुलाकात के बाद चड्ढा ने सार्वजनिक तौर पर कहा कि उन्होंने राष्ट्रपति को उन परिस्थितियों से अवगत कराया, जिनके चलते उन्हें अपनी राजनीतिक राह बदलनी पड़ी।
उन्होंने आरोप लगाया कि राज्य में राजनीतिक असहमति को दबाने के लिए सरकारी तंत्र का इस्तेमाल किया जा रहा है। चड्ढा के मुताबिक, लोकतंत्र में विचारों की स्वतंत्रता और राजनीतिक विकल्प चुनने का अधिकार सर्वोपरि होना चाहिए, लेकिन मौजूदा हालात इसके विपरीत नजर आ रहे हैं।
वहीं, मुख्यमंत्री भगवंत मान की इस बैठक में मौजूदगी ने पूरे घटनाक्रम को और भी राजनीतिक रंग दे दिया है। माना जा रहा है कि दोनों पक्षों के बीच चल रही तनातनी अब खुलकर सामने आ रही है और इसका असर आने वाले दिनों में और गहराने की संभावना है।
गौरतलब है कि हाल ही में आम आदमी पार्टी को बड़ा झटका तब लगा, जब उसके कई राज्यसभा सांसदों ने एक साथ पार्टी छोड़ दी। इन नेताओं ने पार्टी की कार्यशैली और दिशा पर सवाल उठाते हुए नए राजनीतिक विकल्प को अपनाया। इस घटनाक्रम के बाद से ही पंजाब की राजनीति में आरोप-प्रत्यारोप का दौर तेज हो गया है।
राजनीतिक जानकारों का कहना है कि राष्ट्रपति से हुई यह मुलाकात केवल औपचारिक नहीं, बल्कि इसके जरिए दोनों पक्ष अपने-अपने संदेश देने की कोशिश कर रहे हैं। अब देखना होगा कि यह सियासी खींचतान आगे किस मोड़ पर जाकर ठहरती है।



