सेंटर न्यूज एक्सप्रेस। देसराज भुट्टा
अमृतसर। अमृतसर में अपराधियों ने पुलिस को चुनौती देते हुए ड्यूटी पर तैनात एएसआई हरजीत सिंह की गोली मारकर हत्या कर दी। घटना भगतांवाला स्थित दाना मंडी इलाके में हुई, जहां देर रात गश्त कर रहे पुलिस अधिकारी को बाइक सवार हमलावरों ने निशाना बनाया। फायरिंग के बाद आरोपी मौके से फरार हो गए।
अचानक गोलियां चलाकर भागे आरोपी
जानकारी के अनुसार हरजीत सिंह थाना गेट हकीमा के क्षेत्र में पीसीआर ड्यूटी पर तैनात थे। रात के समय वह इलाके में निगरानी कर रहे थे। इसी दौरान मोटरसाइकिल पर पहुंचे दो युवकों ने उन पर फायरिंग शुरू कर दी। हमलावरों ने इतनी तेजी से वारदात को अंजाम दिया कि पुलिसकर्मी को संभलने का मौका तक नहीं मिला।
गंभीर हालत में अस्पताल ले जाया गया
फायरिंग में एएसआई को कई गोलियां लगीं और वह गंभीर रूप से घायल हो गए। साथी पुलिसकर्मियों ने उन्हें तुरंत उपचार के लिए अस्पताल पहुंचाया, लेकिन डॉक्टरों ने जांच के बाद उन्हें मृत घोषित कर दिया। घटना की सूचना मिलते ही पुलिस के वरिष्ठ अधिकारी भी मौके पर पहुंचे।
घटनास्थल से जुटाए जा रहे सबूत
हत्या के बाद पुलिस ने पूरे इलाके को खंगालना शुरू कर दिया। घटनास्थल के आसपास मौजूद सीसीटीवी कैमरों की रिकॉर्डिंग जांची जा रही है, ताकि हमलावरों की पहचान और उनके आने-जाने का रास्ता पता लगाया जा सके। पुलिस ने आसपास के इलाकों में भी संदिग्धों की तलाश तेज कर दी है।
हमलावरों की पहचान के लिए जांच तेज
पुलिस इस बात की भी जांच कर रही है कि एएसआई को ही निशाना बनाने के पीछे क्या वजह थी। क्या हमलावर पहले से उनकी गतिविधियों पर नजर रख रहे थे या वारदात अचानक हुई, इन सभी पहलुओं को जांच में शामिल किया गया है। फिलहाल हत्या के पीछे की वजह को लेकर पुलिस की जांच जारी है।
संगठन के दावे की भी जांच
वारदात के बाद एक संगठन की ओर से हमले की जिम्मेदारी लेने का दावा किए जाने की बात सामने आई है। हालांकि, इस दावे की स्वतंत्र पुष्टि नहीं हुई है। पुलिस ने भी घटना को लेकर सामने आए विभिन्न पहलुओं की जांच शुरू कर दी है। इसलिए संगठन के दावे को फिलहाल जांच के दायरे में ही रखा जा रहा है।
परिवार को आर्थिक सहायता का ऐलान
एएसआई हरजीत सिंह की मौत पर मुख्यमंत्री भगवंत मान ने शोक जताया है। सरकार की ओर से परिवार को एक करोड़ रुपये की सहायता देने की घोषणा की गई है। इसके अलावा बैंक की ओर से एक करोड़ रुपये का बीमा भुगतान दिए जाने की जानकारी सामने आई है। पुलिस विभाग की ओर से भी दिवंगत एएसआई को सम्मान के साथ अंतिम विदाई देने की बात कही गई है।
अमृतसर में पुलिसकर्मियों की सुरक्षा पर सवाल
इस घटना ने अमृतसर में ड्यूटी करने वाले पुलिस कर्मचारियों की सुरक्षा को लेकर भी चिंता बढ़ा दी है। हाल के दिनों में जिले में पुलिसकर्मियों को निशाना बनाकर फायरिंग की घटनाएं सामने आ चुकी हैं। अब एएसआई हरजीत सिंह की हत्या के बाद पुलिस ने संवेदनशील इलाकों में निगरानी और संदिग्ध गतिविधियों पर नजर बढ़ा दी है।



